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ग्रेविटेशन के सिद्धांत और सूत्र

स्वागत है आप सभी का Science and Fun पे जहाँ पे टीचर्स आपको दिल और दिमाग दोनों से पढ़ाते हैं तो आज हम लोग मिले हैं यहाँ पे Gravitation के One Shot के लिए जो जो इस चैनल पे नए हैं मैं उनको पता दू कि इस चैनल पे हम लोगों ने एक्सपेरिमेंट के साथ One Shot डालने की एक सीरीज स्टार्ट की है जहाँ पे हम लोगों ने अभी तक Gravitation से पहले जितने भी चेप्टर यानिक Units and Measurement Motion, Straight Line Motion, Applied Laws of Motion, Work Energy, System of Particles and Rotational Motion सब के One Shots with experiments डाल दिये हैं आज का चेप्टर है हमारे पास यानि कि gravitation वो भी हम लोग one shot में complete करना वाले हैं और इस one shot के अंदर हमारे पास topic सारे हम लोग बहुत बढ़िया तरीके से cover करेंगे बट हाँ जो बच्चे अगेन यहाँ पे subjective questions के लिए भी lectures डालते रहते हैं अभी तक मैंने जितने भी chapters कराए हैं लगबख सभी के subjective questions के मिला के दो recorded lectures इसमें एक में हमने शायद पहले चार चेप्टर के और बाद में बैकी दो चेप्टर के सब्जेक्टिव कोशिन्स के यहाँ पे एक एक घंटे के डेड़े घंटे के दो दो घंटे के लेक्शन डाल दिये थे आज का जो चेप्टर है यानि ग्रेविटेशन इसमें हमारे पास एक्सपेरिमेंट से जाबा अक्शुली हम डेली लाइफ एक्जांपल से बात करेंगे एक दो चोटे चोटे एक्सपेरिमेंट देखेंगे बट अभी तक जितरे भी चेप्टर के उतने एक्सपेरिमेंट यह और ये obvious ही बात है कि हम यहाँ पे planet, satellites इनकी बात करना वाले हैं तो इसलिए यहाँ पे experiments यानि demonstration जादा नहीं होने वाली हैं although chapter होने ही नहीं वाली है मतलब although chapter बहुत जादा interesting है ठीक है ना तो सबसे पहले आओ हम एक शब्द को सीखते हैं जिसका नाम है gravitation अब हर बार gravitational force जब हम 9th के बच्चों को पढ़ाते हैं कि gravitational force क्या होती है या gravitation क्या होता है तो कहीं ना कहीं gravitation word सुनते ही 9th के बच्चों को लगता है कि ये सिरफ earth के लिए valid है या अर्थ दूसरे objects पे लगाती है, but आप सब 11th के बचे हैं, तो आप सब ये तो जानते हैं at least कि gravitational force क्या है और gravity से ये अलग कैसे होती है, तो सबसे पहले अगर मैं आप से एक सवाल पूछूं कि what is gravitational force, तो gravitational force क्या है, तो gravitational force की अगर definition की बात की जाए, तो a force of attraction between अब मैं यहाँ पे थोड़ा capital में लिखना चाहूँगा any two any two objects in this universe any two objects in this universe due to their masses यानि कि पहली बात तो आपको ये अपने दिमाग में clear रखना है कि अगर दुनिया के कोई भी दो objects की यहाँ पे बात की जा सकती है, यानि ऐसा नहीं है कि gravitational force is only for earth and let's say moon या earth and objects, earth and sun, gravitational force दुनिया के हर दो objects के बीच में है, यानि आपके और मेरे बीच में भी है, मेरे और इस board क बेड पे या जिस चेर पे बैठे वे उसके बीच में भी है, जिस मोबाइल या लैप्टॉप पे आप इस वीडियो को देख रहो, टीवी पे अगर आप देख रहो तो उसमें और आपके बीच में भी है, इन दुनिया के हर दो अब्जेक्ट के बीच में ग्रेविटेशनल फ यानि कहने का मतलब सिर्फ यह है कि दुनिया के हर दो objects के बीच में एक force of attraction हमेशा होती है जो कि उनके mass की वज़ासे होती है जिसको हम gravitational force कहते हैं तो सबसे पहले और यह मैं जादा effort से क्यों नहीं बात कर रहा क्योंकि आप सब बच्चे 11 के हो और आप सब जानते हो नाइन से नाइन में भले बच्चों के लिए थोड़ा सा shocking होता है कि gravitational force दुनिया के हर दो objects के बीच में तो यह stylus अर्थ के तरफ जा रहा है, मेरे तरफ क्यों नहीं आ रहा, अगर यह मुझसे भी attract हो रहा है तो, तो answer बहुत simple है, क्योंकि यह force mass के directly proportional होते हैं, जो कि अभी हम पढ़ेंगे, और अर्थ पर रहके, अर्थ से बड़ा mass किसी का हो नहीं सकता, जिसकी वज़े से हर एक object अगर एक बहुत बड़ी चुमबक है और एक बहुत चोटी चुमबक है और बीच में लोहे का तुकडा है तो लोहे का तुकडा बड़ी च� बड़ इसका मतलब ये नहीं है कि छोटी वाले चुम्बा को उस लोहे पे कोई फोर्स नहीं लगा रही है समझ रहे हो इसका मतलब ये बिलकुल भी नहीं है लगा वो भी रही है बड़ इसकी जाबा है तो दुनिया के हर दो अबजेक्ट के बीच में ग्रेविटेशनल फोर्स होती है अब ग्रेविटेशनल फोर्स को हम लोग ग्रेविटी कब कह देते हैं ग्रेविटेशनल फोर्स को हम ग्रेविटी नाम कब दे देते हैं तो ग्रेविटेशनल फो and any earth and any other object यानि कि बाई earth और बाकी किसी भी object के बीच में जो gravitational force होगी उससे हम लोग gravity कह देंगे यानि कि gravity बोलने के लिए आप में दो में से कोई एक object earth होना जरूरी है ये बात ध्यान रखने है gravity word यूज़ करने के लिए आपको एक छोटी सी बात ध्यान रखने होगी कि दो में से कोई एक object earth जरूर होना चाहिए यहाँ पे इसकी reflection पढ़ रही है न बोर्ड की इसको अगर मैं नीचे लटा दूँ हाँ न आप पढ़ रही है क्या आप आ रही है क्या अब कम आ रही है थोड़ी हाँ न चलो तो अगर दो में से कोई भी एक object earth हुआ तो हम उसे क्या नाम देंगे ध्यान रखना gravity यानि कि sun और moon के बीच में जो gravitational force है उसको आप gravity नहीं कह सकते सन और जुपिटर के बीच में जो फोर्स है उसको आप ग्रेविटी नहीं कह सकते, सन और मार्स के बीच में जो फोर्स है उसको आप ग्रेविटी नहीं कह सकते, मार्स और वीनस के बीच में जो फोर्स है उसको आप ग्रेविटी नहीं कह सकते, लेकिन अर्थ और मून के बीच ये तो हम थोड़ा बहुत समझ गए कि ये मास की वज़े से लगने वाली अट्राक्टिव फोर्स है बट ग्रेविटेशनल फोर्स जो है इसको कैलकुलेट कैसे करें आप सब को पता है कि ये जो फोर्स है वो खोजी या डिसकवर की थी लोगों ने ये दिखाया है कि ये हमारे हिंदू धर्म में कुछ लोगों देखो हर बात की हम लोग respect करते हुए बस इतना कहना चाहेंगे कि आपको exam में अगर पूछा जाए कि who discovered gravitational force तो marks तब मिलेंगे जब आप सर आईसाक न्यूटन जी लिखोगे क्योंकि हमारे कितावे ऐसा पढ़ाती हैं सचाई क्या है इसके पर क्या पता future में जाके सचाई हमें जिस दिन उनके ऊपर सेब गिर गया, ऐसा बिलकुल भी नहीं है, जिस दिन वो पेड़ के नीचे बैठे बेटर उनके ऊपर सेब गिर गया था, उस दिन एक thought process create हुआ, एक सोच create हुआ है कि हाँ, ये सेब नीचे क्यों आया, उपर क्यों नहीं गया, सामने क्यों नहीं गया, मैं reference के लिए spherical objects ले रहा हूँ, लेकिन इसका मतलब यह नहीं है कि हमेशा objects spherical ही होते हैं, ठीक है न, कोई भी object के बीच में gravitational force लग सकती है, तो हमारे पास यहाँ पे दो objects है, एक का mass M1 है, और एक का mass M2 है, इन दोनों के जो centers हैं, क्योंकि मैं इनको point mass मान रहा हूँ, इन दोनों तो Universal Law of Gravitation कहता है कि दुनिया के कोई भी दो objects, चाहे वो earth हो, चाहे ना हो, कोई भी दो objects के बीच में जो gravitational force होती है, कोई भी दो objects के बीच में जो gravitational force होती है, वो directly proportional होती है इनके masses के product के, यह हम लोगों ने 9th class में पढ़ रखा है, वो directly proportional होती है इन दोनों के masses के product के, जितना जादा mass बढ़ेगा gravitational force उतनी ही जादा बढ़ती चली जाएगी. second, वो जो force है, वो inversely proportional होती है, इनके बीच के distance के square के, ध्यान रखना, इनके बीच के distance के square के, तो जो force है, वो directly proportional होती है, masses के product के, और जो force होती है, वो inversely proportional होती है, उनके बीच के, जो center के बीच का distance है, उसके square के, है न, यह law कहता है, यह उन्होंने observe किया, अब अगर मैं दोनों equation को combine कर देता हूँ, तो combining first and second, combining first and second, तो gravitational force is directly proportional to m1 into m2 upon r2, m1 into m2 upon r2, तो यहां से force is equal to, proportional का sign हटा के हम यहां पे एक constant लगा देंगे, जो कि हमारे लिए capital G होने वाला, आप जानते हैं, और बाकी सब हमारे पास m1 into m2 upon r2 हो जाएगा, तो यह हमारे पास, अब्वेसी बात है, हम लोग इस capital G के बारे में बात करेंगे, बट यह जो अभी के लिए constant है, बट यह हमारे पास एक formula आ जाता है, जिसको हम कहते हैं gravitational force का formula, और जो की आता है capital G, into में M1, into में M2, upon में R square, where capital G is constant, बात करेंगे, M1, M2 are the masses of the respective bodies, and R जो है वो उनके बीच के, center के बीच के actually distance का square करना है आपको, इस ऐसा करने पे आपको force मिल जाएगी, अब यहाँ पे अगर बात करें, तो यह जो capital G है, इस capital G को हम gravitational constant कह सकते थे, but इसका पूरा नाम actually में क्या होता है, universal gravitational constant, इसका पूरा नाम होता है universal gravitational constant, आज का पहला सवाल मैं आपसे पूछने जा रहा हूँ, कमेंट सेक्षन पर टाइम स्टाइम के साथ देना लेकिन क्या आपको पता है, कॉंस्टेंट्स दो प्रकार के होते हैं लेकिन कुछ constants ऐसे होते हैं, जिनकी value पूरे भ्रमान में हमेशा equal रहती है, चाहे कुछ भी हलात हो, चाहे कुछ भी temperature हो, pressure हो, जगा हो, आप Mars पे हो, आप चांद पे हो, आप धर्ती पे हो, कुछ भी conditions हो, उनकी value same रहती है, उन्हें पहली बात तो universal constants कहा जाता है, तो जो capital G है, वो एक universal constant इसलिए कहा जाता है, क्योंकि इसकी value पूरे universe में same रहती है, और वो कितनी रहती है, वो हम इस वाले page पे बात करेंगे, unit के साथ, लेकिन इसकी value पूरे भ्रहमान में हमेशा equal रहती है, same रहती है लेकिन मैं आपसे comment section में पूछना चाहूँगा, time stamp 12 minute के आसपास का होगा आप मुझे बताइए कि ऐसे और कौन से constants आपने आज तक पढ़े हैं, जिनकी value universally constant रहती है, change नहीं होती है comment section में बताना है, ऐसे और कौन से constants आप जानते हो, जिनकी value पूरे भ्रहमान में आप कहीं भी घूम लो, same रहती है I hope आपने लिखे हों सबसे पहला constant आपको याद आना चाहिए Planck's constant है ना सबसे पहला constant जो आपके दिमाग में चलना चाहिए वो कौन सा होना चाहिए भाई Planck's constant सेकिन आपने शायद पढ़ा हो capital R यानि gas constant Planck's constant क्यों लिए 6.63 अब अगर मैं capital G की unit और dimensions की बात करों, लेकिन उससे पहले, अगर मैं बात करों कि capital G की value क्या होती है, तो यह होती है 6.67 into 10 की पार minus 11, इसकी value आपको याद रखनी है, अब इसकी value होती है 6.67 into 10 की पार minus 11, यह value बहुत ज़ादा छोटी है, और यही reason है कि gravitational force को एक बहुत weak force माना जाता है, आना आप समझो earth जितना, बड़ा मास अर्थ जितना बड़ा मास इस स्टाइलस पे कितनी कम फोर्स लगा पा रहा है कि मेरे मस्कुलर फोर्स ने इसको कितनी आसानी से ओवर कम कर दिया ग्रेविटेशन इतनी बड़ी अर्थ कह रही है इसको नीचे आओ इसकी वेल्यू 6.67 अंटर में 10 के पार माइनस 11 होती है और वो भी न्यूटन मीटर स्क्वेर केजी माइनस 2 होती है इसकी जो वेल्यू रहती है वो क्या रहती है न्यूटन मीटर स्क्वेर के जी माइनस टू इसकी जो वेल्यू रहती है वह क्या रहती है न्यूटन मीटर स्क्वेयर के जी माइनस टू के साथ पूरी वेल्यू पूरी वेल्यू बोलना होगा तो 6.67 इंटू में 10 की पार माइनस 11 न्यूटन मीटर स्क्वेयर के जी माइनस टू अब वाइ न्यूटन मी क्या force का formula हमारे पास G into में M1 into में M2 upon में R square आया तो यहाँ से अगर मैं capital G निकाल लेता हूँ तो आ जाएगा F into में R square upon में आ जाएगा मेरे पास M1 into में M2 हाना भाई अब इस formula के हिसाब से, हमारे पास unit अगर मैं निकालने जाओं, तो unit of G में, सबसे पहली बात तो force की unit क्या जाएगी, Newton, distance क्या जाएगी, meter square, mass क्या जाएगी, हमारे पास kg, और यहाँ पे भी आ जाएगी हमारे पास kg, तो क्या जाएगी, Newton, meter square, और नीचा आ जाएगा हमारे पास kg-2, Newton, meter square, kg-2, ठीक है जी, तो इस हिसाब से इसकी unit भी आ गई, अब यही से हम इसकी dimensions भी निकाल सकते हैं, तो capital G के अगर dimensions निकालने की बात आई, तो Newton यानि की force के dimensions हम सब जानते हैं, कि MLT-2, आप तक तो याद हो गए होंगे, meter यानि की length के लिए हमारे पास हो जाता है L2, और mass के लिए हमारे पास M की power capital G के आ जाएगे, तो capital G की unit और dimensions हमारे पास आ जाते हैं, सही है, सही है, तो ultimately अगर हमें gravitational force निकालनी होगी, तो हमारे पास दोनों objects का mass होना चाहिए, और उनके center के बीच का distance होना चाहिए, उससे हम gravitational force calculate कर लेते हैं, ठीक है, चलिए, अब हम अगले topic पर आते हैं, which is known as acceleration due to gravity, द अगर force नहीं है तो acceleration भी नहीं होगा अब gravitational force क्योंकि एक force है तो जब भी कोई object उपर से नीचे गिरता है तो उसके उपर हमेशा gravitational force लगती है और अगर force लगेगी तो उसके पास एक acceleration भी होगा जिसको हम acceleration जिटू gravity कहेंगे लेकिन उससे पहले आपको एक term समझनी होगी which is free fall उससे पहले आपको एक term को समझना होगा वो term है हमारे पास free fall अब free fall क्या होता है, बड़ा ही controversial word है ये actually, मतलब था, अब तो खेर बहुत clear है लोगों को, बड़ पहले ही बहुत controversial था, कभी आपको समय मिले तो गैलिलियू जी के बारे में पढ़ियेगा, बहुत कुछ उन्होंने इसके उपर बात की थी, बड़ चलो, अभी के लिए अगर under the gravitational force of earth अगर आप earth पे हो तो अगर आप moon पे हो तो moon अब्यसिबात है तो उसको हम लोग क्या कहेंगे free fall देखो अगर आप earth पे हो तो हम earth की बात कर रहे हैं भी ठीक है न अगर कोई object only under the action of धिहान रखना है यहाँ पे ये word बहुत important है when any object falls under the gravitational force of earth अच्छा मैंने इतना important वड़ा लिखा ही नहीं under the gravitational force of earth only यानि अगर कोई object सिर्फ और सिर्फ earth की gravitational force earth की gravitational force के under गिर रहा है और उसके उपर कोई भी force नहीं लग रही है तो उसे हम free fall कहेंगे मन में एक question का answer देना क्या ये free fall है ये जो मैं stylus उपर से drop कर रहा हूँ, क्या ये free fall है? तो answer है, ये free fall नहीं है, ये free fall क्यों नहीं है, क्योंकि इस पे action of gravitational force तो है, लेकिन इस कमरे में हवा भी है, चीके न, अच्छा, अब पताओ, क्या ये free fall है, ये, नहीं, अब यहाँ पे हवा की force भी है, मेरी muscular force भी है, और gravitational force भी है, बट imagine करो कि अगर मैं इस कमरे में vacuum create कर देता हूँ, vacuum, और अब मैं अगर इसको drop करता हूँ, तो क्या ये free fall के लाए जाएगा, तो answer है हाँ, क्योंकि अब ये गिरेगा only under the action of gravitational force तो अगर कोई भी object सिर्फ और सिर्फ gravitational force के अंडर गिरता है उसके पर कोई और x, y, z force नहीं लगती है तो उसे कहा जाता है free fall उसे कहा जाता है free fall ठीक है जी अब उसी free fall के दुरान जो acceleration आता है body में उसे कहा जाता है acceleration due to gravity ठीक है जी तो when any object falls under the gravitational force of earth only उसे क्या कहा जाता है free fall अब free fall में हमारे पास आता है acceleration due to gravity तो acceleration of a body during free fall acceleration of a body during free fall is called during free fall is called एक्सेलरेशन ड्यूटो ग्रेविटी इस कॉल्ड एक्सेलरेशन ड्यूटो ग्रेविटी अभी मैंने आपको बताया जहां जहां फोर्स होगी वहां वहां एक्सेलरेशन होगा अगर कोई अब्जेक्ट ओनली अंडर द आक्शन आफ ग्रेविटेशनल फोर्स गिर रहा है नी फोर्स होगी तो acceleration होगा, तो ऐसे acceleration को हम कह देंगे acceleration due to gravity, अब again आप पहली बात तो हम यहाँ पर formula derive करने जा रहे हैं, यह formula आप सबने ninth में भी derive किया है, और आप मेंसे most of the बच्चे इस बात को aware है पहले सही, पर अगर मैं फिर भी आप से एक सवाल पूछूं, comment section पे कि अगर मैं free fall करवा रहा हूँ, ध्यान सुनना, अगर मैं free fall करवा रहा हूँ, और एक certain height से मैं एक हतोड़े को फेकूं, और एक एक पंख को फेकूं तो पहले नीचे कौन गिरेगा अगर मैं फ्री फॉल करवा रहा हूं एक हथोड़े को फेकूं और एक पंख को फेकूं तो नीचे कौन पहले गिरेगा तो आई होप आपका आंसर होगा कि दोनों सेम गिरेंगे क्योंकि जो फ्री फॉल होता है उसमें जो उचाई से एक पत्थर को फैकू, एक पंक को फैकू, एक हतोड़े को फैकू, एक गाड़ी को फैकू, एक सिक्के को फैकू, एक पेपर को फैकू, सब सेम टाइम पे नीचे आएंगे, irrespective of their masses, because it only depends on their height. यह हम लोग नाइन से पढ़ते आ रहे हैं, हाँ ना, बढ़ नहीं पता, तो मैं आपको यह पढ़ा रहा हूँ, प्रूफ करवा रहा हूँ, बढ़ आप सोचे रहे होगे, सर अगर मैं अपने घर की छट पे खड़े होके, एक भारी चीज को फैकूंगा और एक हलकी चीज को क्योंकि बटा जब आप अपने घर की छट से फैक रहे हो तो वहां पे atmosphere है, air है, अब air हलकी चीजों पे या जिनका surface area जादा होता है उन पे अपना influence जादा लगाती है, मैं अगर आपको इसको एक बहुत चोटे से, बहुत अच्छे से example से, let's say यहाँ पे आपका दो paper है, मैं अब मास भी बराबर होगा because यह paper same है लगबर लेकिन अगर मैं इस paper को, इस वाले paper को let's say ऐसे crush कर दो यहाँ पे अगर मैं इस paper को क्या कर दूँ, crush कर दूँ अब अगर मैं इनको drop करूँ तो आप सबको पता है कि obvious बात है कि जो crushed paper है वो जल्दी नीचे किरेगा और यानि कि यह mass पे तो depend नहीं कर रहा है ना कि जो, जिसका surface area paper का ज़ादा है उस पे हवा का drag ज़ादा लगता है जाता है और हवा का ड्राग लगेगा तो यह ऐसे-ऐसे आएगे जो ज्यादा डिस्टेंस चलकर नीचे आना पड़ेगा वहीं पर इस पर हवा का ड्राग कम है तो सीधा नीचे आता है तो कम डिस्टेंस चलना पड़ता है कम डिस्टेंस चलना पड़ता है जाके एक वीडियो सर्च करें, free fall of bowling ball and feather, तो आपको एक वीडियो मिलेगी, US की, America की, जहाँ पे एक अंकल एक बहुत बड़े vacuum chamber में है, वहाँ पे पहले वो एक ball को गिराते हैं, फिर एक पंक को गिराते हैं, और वैसे वाला बॉल पहले गिरती है, फिर सब उस कमरे से बाहर तो यह हम 9 से जानते हैं ठीक है बट हम इसको मैथमेटिकली कैसे शो कर सकते हैं कि कोई भी बॉडी अगर फ्री फॉल कर रही है तो इसका नीचे गिरने का रेट मास पर बिलकुल भी डिपेंड नहीं करेगा तो यह हमारे पास अर्थ है मान लेते हैं हाना मान लेते हैं कि यह तो जो total height हो गई center से, वो r e plus h हो गई, हाना भाई, जो total height हो गई center से, वो r e plus h हो गई, अब जो force लग रही होगी इसके उपर, उसका जो formula होता है, वो होता है g m1 m2 upon में r square, चेक है, अब gravitational force में g तो g है, m mass of earth है, m0 mass of object है, और उनके बीच का distance जो है, वो r e plus h का whole square है, जो force होती है, आपको सबको पता है, वो mass into मे acceleration भी होता है अब यहाँ पे हम acceleration किसका निकालने जा रहे हैं?

तो यहाँ पे हम acceleration निकालने जा रहे हैं, body का अब अगर हम लोग body का acceleration निकालने जा रहे हैं तो यह obvious ही बात हो जाती है कि यहाँ पे हम उसको mass of body बोलेंगे हाँ ना बई, mass के जगा mass of body आएगा और acceleration due to gravity को हम लोग A के बजाए G से represent करना जादा पसंद जो है वो करते हैं तो अगर ऐसा है तो यहाँ पे हमारे पास आ जाएगा G M E M 0 upon में नीचे आ जाएगा R E plus H का whole square क्या यहाँ पे M 0 से M 0 cancel हो गया येस तो छोटे G का formula आ जाएगा capital G M E upon में R E plus H का whole square अब ये formula जो हमारे पास last आया है ये formula हमें क्या दर्शाता है यह formula दर्शाता है कि जो acceleration due to gravity है यानि कि जो small g है इसका mass से कोई लेना देना नहीं है यह mass independent है यह इसके पूरे formula में कहीं पे भी mass नहीं आता है यानि कि acceleration due to gravity is independent to the mass of the body आप नीचे यहाँ पे statement भी लिख सकते हैं कि hence acceleration due to gravity is mass acceleration to gravity does not depend on mass of object ये object के mass पे बिलकुल भी depend नहीं करता इसलिए कुछ भी हो जाए वो same rate से नीचे आएंगे अब ये बात तो समझ में आई कि acceleration to gravity याने की जो g है उसकी value mass independent है याने की वो value mass पे बिलकुल भी depend नहीं करती है अब इसकी value अर्थ के surface पे कितनी होगी, यानि अगर मैं अर्थ के surface पे खड़ा वाओं, तो इसकी value कितनी होगी, अभी तो मैं अर्थ के surface से उपर था, अभी तो मैं एक certain height पे था, लेकिन अब मैं अर्थ के surface पे ही आ गया हूँ, हाना बई, अगर मैं अर्थ के surface पे आ गया हू सर्फेस पे हूँ तो आटोमेटिकली जो डिस्टेंस है वो R E प्लस H की बजाए R E हो जाएगा वाना तो इसके लिए अगर मेरे पास ग्रेविटेशनल फोर्स चोटा G निकालना होगा तो capital G M E अपउन में अब R E प्लस H की बजाए मैं सर्फ क्या पूट करूँगा R E क्योंकि मैं अर्थ के सर्फेस पे हूँ तो R E का स्क्वेर हो जाएगा यह हमने नाइन्थ में भी किया है अब capital G की value होती है 6.67 into 10 की पार minus 11 जो कि आपको याद करनी है मास आफ अर्थ होता है 6 x 10 के पार 24 केजी, जो कि आपको याद कर लेना चाहिए, एग्जाम में गिवन आ भी सकता है, नहीं भी, रेडियस आफ अर्थ होता है 6.4 x 10 के पार 6 मीटर, इसका हमें स्क्वेर करना, ये भी आपको याद कर लेना चाहिए, वैसे 6400 किलो मीटर होता है answer 9.8 meter per second square आया था, जिसको round off करके हमने बच्चपन से आज तक बहुत बार 10 भी use किया है, लेकिन earth के surface पर रहके, इस g की value हो जाती है 9.8 meter per second square, यानि earth के surface पर जब तक मैं हूँ, यह 9.8 meter per second square रहेगी, अब सवाल ही होता है, यह जो earth के surface पर रहके, जो value है वो 9.8 है, अगर मैं earth के surface से उपर जाओंगा, और अगर मैं अर्थ के सरफेस से नीचे जाओंगा, तो इस value के साथ क्या होगा, क्या ये value बढ़ेगी या कम होगी, तो answer है, ये value, पहली बात तो maximum value है, यानि G की value अर्थ पर रहके 9.8 से जादा नहीं हो सकती है, यानि अर्थ के सरफेस पर इसकी value maximum होती है, बड़ी हरान कर द जो जी है वो कम हो जाएगा लेकिन अर्थ के अंदर जाने पे भी छोटे जी की वेल्यू कम होती है बड़ा जी तो कॉंस्टेंट है छोटे जी की वेल्यू कम होती है ये कैसे हो रहा है अर्थ की वेल्यू अर्थ पे सरफेस पे अर्थ के सरफेस पे रहके स्माल जी की वेल्य� यह वैल्यू नहीं लेकर जा सकते ध्यान रखेगा कैसे अब हम शो करेंगे लेकिन उससे पहले छोटा टॉपिक आ रहा है कि अर्थ पर यह कहीं पर भी ग्रेविटेशनल फोर्स की क्या इंपोर्टेंस है यह लगता है पढ़ाने की उतनी जरूरत बनी है सोलर सिस्टम कि टाइड जो आती है वेव जो आती है वह ग्रेविटेशनल फोर्स से आती है और अलग वह बात गलत साबित हो चुकी है किताबों में नहीं आई अभी ग्रेविटेशनल फोर्स से मदद रहती है कि चीजें धर्ती में मेंटेन रहती हैं क्रिकेट gravitational forces चीज़ें धरती पे maintained जो हैं वो रहती हैं लेकिन सवाल समझ में नहीं आता है पहले हम यह करेंगे कहां गया कि ग्रेवरी यह जो जी की वेल्यू है यह अर्थ के सरफेस पर रहके मैक्सिमम कैसे है अर्थ के नीचे जाने पर अर्थ के उपर जाने पर यह वेल्यू कॉंस्टेंट यह वेल्यू कम क्यों हो रही है इसको स अब हम लोग यहाँ पे बात करने जा रहे हैं कि G की जो value है वो maximum होती है at the surface of earth है ना यानि कि value of G is maximum at surface of earth earth के surface पे G की value को हमें maximum prove करना है अब इसके लिए हमें यह show करना होगा कि अगर मैं earth के उपर जाता हूँ मतलब earth के surface उपर जाता हूँ, या earth के surface से नीचे आता हूँ, दोनों ही cases में, g की value जहाँ वो बढ़ेगी, और कम होगी, ठीक है जी, अब उसके लिए हमारे पास यहाँ पे first case आता है, first case आता है at height, अगर मैं height पे जाता हूँ, तो g की value के साथ क्या होगा, अर्थ का ये center हो गया, ये अर्थ का radius हो गया, और आप उससे एक certain height पे, let's say M0 जो है वो, H height पे चला गया, ठीक है जी, H height is from the surface, तो और total height हो गई RE plus H, तो क्या ऐसा कहना ठीक है कि as at surface, surface पे रहके, तो G की जो value है, at surface, G की जो value है वो तो G, ME upon में RE का square है ये तो हम सब जानते हैं कि at surface तो G की value ये रहती है ठीक है इसको आप चाहे first equation मालो अब अगर मैं at certain height चला गया at height H चला गया तो height H पे जो G की value होगी वो क्या हो जाएगी G mass of earth upon में क्या मुझे RE plus H का whole square करना होगा तो answer है हाँ अब देखा जाये तो यहाँ पे वैसे तो साबित हो जाता है क्योंकि denominator में पहले RE था अब RE प्लस H हो गया है यहने कि denominator अगर बढ़ गया है तो automatically साबित हो जाता है कि denominator के बढ़ने से overall value कम होती है बट हमें इसको जो at surface of earth जी है उससे compare करना है तो इसके लिए हम लोग क्या कर रहे हैं ध्यान सुनिएगा मैं denominator में ही क्या कर रहा हूँ जो H है उसको RE से multiply कर रहा हूँ और R E से डिवाइट कर रहा हूँ, ऐसा क्यों कर रहा हूँ, ताकि यहाँ पे R E का जो स्क्वेर है, वो कॉमन आ जाए, है न, R E का स्क्वेर जो है, वो कॉमन आ जाए, इससे क्या होगा आपको पताता हूँ, लेकिन यहाँ पे भी R E हो गया, अब यहाँ पे भी R E हो गया, त अब ऐसा इसलिए किया था कि gm upon re छोटा g हो जाए, at surface वाला हो जाए, अब इसको अगर मैं उपर ले जाता हूँ, तो g height पे हमारे पास क्या हो जाएगा, gme upon me re का square, और अगर मैं इस पूरे तिगडम बाजी को उपर ले जाता हूँ, 1 plus h by re को उपर ले जाता हूँ, 1 plus h upon re के तो जी height पे हो गया जी, और यहाँ पे आ गया 1 plus h upon में re की power minus 2, अब यहाँ पे आते आते, maths का एक binomial expansion का formula लगेगा, यहाँ पे से कुछ बच्चों ने हो सकता है, maths में पढ़ लिया हो, और कुछ बच्चे आगे जाके पढ़े, मुझे नहीं पता आपने वो chapter कर लिया कि नहीं कोई fraction है जो कि 1 plus a by b की power n है अगर कोई fraction है जो 1 plus a by b की power n की form में है और a जो है वो काफी छोटा है b से दुबारा बोल रहा हूँ अगर कोई fraction किस form में है 1 plus a by b की power n की form में है and a जो है वो अगर बहुत जादा छोटा है b से तो हम ये जो power है उसको आगे लेके आ सकते हैं तो दिखान रखेगा कि 1 प्लस A by B की पावर N जो है इस पावर को हम आगे लेके आ सकते हैं और 1 प्लस N A by B हो जाएगा ये Maths का एक नियम है ध्यान रखेगा अगर कोई चीज़ 1 प्लस A by B की पावर N की फॉर्म है और A अगर बहुत छोटा है A अगर बहुत छोटा है B से तो आप जो radius of earth होता है वो कितना होता है तो earth का radius 6400 km होता है और यहाँ पे आप कितना उपर जाओगे आप मुझे बताओ अगर amount average के चोटी पे भी चड़ा गया है जो कि surface है सबसे उपर की चीज है तो वहाँ पे भी जो r होगा वो जो h होगा वो 8 km 9 km होगा कहने का मतलब आप सिर बहुत छोटा है RE से, तो क्या मैं इस power को आगे लेके आ सकता हूँ, बिलकुल लेके आ सकता हूँ, और अगर ऐसा है, तो मेरे पास G height पे जो हो जाएगा वो G, 1, अब क्योंकि यह आगे आ जाएगा, तो minus 2H by RE हो जाएगा, और यह formula हमारे पास final आ जाता है, ध्यान रखना है, earth के surface के g के मुकाबले कम हो जाएगा और होना भी चाहिए although ये चीज हमने यहीं पे proof कर दी थी देखा जाए तो कि re plus h हो गया था यहीं पे proof हो गयी थी but इसको हम क्योंकि छोटे g के साथ compare करना चाह रहे थे तो g height पे इस g surface पे 1 minus 2h by re अब 1 में से कुछ भी minus होगा तो g की value हमेशा कम होगी और ये derivation exam में बहुत important है तो ओरिली भी हमें समझ में आ रहा था और मैथेमेटिकली भी हमने समझ लिया कि जब हम अर्थ के सर्फेस से उपर जाते हैं तो जी की वैल्यू जो है वो कम होती है लेकिन अगर मैं अब अर्थ के डेप्ट पर जाओं क्योंकि मैथस कहती है कि अगर मैं अर्थ के डेप्ट प डेप्थ में जाओंगा तो जी की वैल्यू के साथ क्या होगा अभी तक के हिसाब से जो मैंने आपको नॉलेज दिए कम ही होना चाहिए है ना आप देखते हैं कैसे तो आट डेप्थ अब हम थोड़ा घहराई पर चले जाएंगे ठीक है जी अब मान लेते हैं यह हमारे पास पे आ गए एक certain है depth पे आ गए ये हमारे पास कौन है भाई mass of object है अब यहां से जो distance बचा अगर आप अगर आप उपर से नीचे d depth पे आए हो तो ये re-d हो जाएगा न ये जो distance है हमारे पास center से वो re-d हो जाएगा अगर आप d depth पे नीचे आ गए हो तो distance हो जाएगा re-d ठीक ह जो G की value होती है वो तो again G mass of earth upon में R E का square होती है, again यह हम जानते हैं, ठीक है, अब अगर मैं depth पे जाओंगा, सबसे interesting बात यहां से शुरू होती है, कि at depth, अगर मैं एक certain depth पे चला गया, एक certain घिराई पे चला गया, तो depth पे जाके G M E upon में क्या R E का square की बजाए, मुझे लिखना होगा R E minus D, अब इस पूरे statement में मैंने एक चीज गलत लिखी है क्या आप comment section पे पता सकते हो कि मैंने यहाँ पे जान मूच के क्या गलत लिखा है ताकि आप पता सको अगर यहाँ पे derivation पहली बार की है पहली बार कर रहो तो आप यह नहीं डून पाओगे कि यहाँ पे mass of earth नहीं आएगा अब पहले क्या था जब हम लोग earth के बाहर थे earth के surface के बाहर थे तो यह पूरी earth हम पे gravitational force लगा रही थी लेकिन क्या अब हम अर्थ के बाहर हैं, क्या अब हम अर्थ के बाहर हैं, तो आंसर नहीं, अब हम अर्थ के बाहर नहीं है, अब हम अर्थ के अंदर हैं, अगर हम लोग अर्थ के अंदर हैं, तो पूरी अर्थ हम पे force नहीं लगाएगी, कितनी अर्थ हम पे force लगाएगी, तो टूवर्ड सेंटर वह आप पर फोर्स नहीं लगाएगी तो अगर ऐसा है तो यहां पर मास ऑफ अर्थ की बजाय मास आए यानि मास ऑफ इनर अर्थ यानि अंदर की अर्थ का मास हमें यहां पर निकालना होगा तो यहां पर सबसे बड़ा चेंज है इस पर आपको ध्यान देना होता है अब यह मास ऑफ इनर अर्थ तो हमारे पास है नहीं तो हम इसका क्या करेंगे तो इस पर मास ऑफ इनर अर्थ को हम लोग कैलकुलेट करेंगे कंसेप्ट ऑफ डेंसिटी से कैसे आप जरा समझें ऑल तो जो density of whole earth है उसको हम बराबर मान रहे हैं density of इनर अर्थ से, देखो अर्थ की डेंसिटी वैसे तो अलग अलग जगा पर अलग होती है, बड़ अवरेजली अर्थ की डेंसिटी को बराबर माना जाता है, तो यहाँ पे हम अर्थ की डेंसिटी को बराबर मान रहे हैं, कि जो पूरी अर्थ है उसकी डेंसिटी, और जो अर् और नीचे हो जाएगा 4 by 3 πाए री माइनस डी का whole cube क्योंकि जो inner earth है उसका radius तो री माइनस डी होगा अब यहाँ पे 4 by 3 पाए से 4 by 3 पाए cancel होगे हमें mass of inner earth निकालना है जो की आ जाएगा mass of earth री माइनस डी का cube upon में अगर यह है तो नीचे री का cube बच जाएगा अब यह हमारे पास mass of inner earth आ गया, और इस mass of inner earth की value को हम लोग put कर देंगे, कहां पे put कर देंगे बई, g जो depth पे आया था हमारे पास, उसका formula क्या आया था, g mi, g mi, अब mi की जगा मैं लिख रहा हूँ, me, re minus g का whole cube, upon में re का cube, सही है, यह मैंने mi की जगा रखा है बस, और divide में हमा माइनस डी का स्क्वेर तो है अब यहां पर अगर आप थोड़ी बहुत भी मैस लगाते हो तो आरी माइनस डी के स्क्वेर से एक एंसल हो जाएगा तो जी एम ई अपॉन में क्या जाएगा आरी का क्यूब और ऊपर आरी माइनस डी बच जाएगा ठीक है ना क्योंकि एम ई अपॉन में जो क्यूब है उसको क्या मैं आरी का स्क्वेर अ और वहाँ पे एक RE को ले जाओ, यानि कि समझ गया, क्या किया मैंने, यहाँ पे तो मेरे पास RE-D था, नीचे RE का क्यूब था, तो मैंने RE के क्यूब को RE का स्क्वेर इंटू में RE लिख दिया, आप समझ गयोंगे मैंने ऐसा क्यूँ किया, क्योंकि RE का जो क्यूब है, उसको आदि हमारे पास आ जाता है तो यह बेसिकली हमारे पास आ जाता है जी का फॉर्मुला अब जो दोनों जी के फॉर्मुले हमारे पास आए ध्यान रखें उनमें फर्क है यह वाला एट हाइट का जो फॉर्मुला है आप सिर्फ और सिर्फ यूज कर सकते थे छोटी हाइट्स के लिए यह वाला जो फॉर्मुले लेकिन यह डेप्ट वाला फॉर्मुला आया है यह आप किसी भी हाइट के लिए तो यह formula आप कहीं भी इस्तमाल कर सकते हो secondly क्या यह formula दर्शार है कि depth पे जाने पे g की value कम होगी तो आप ज़राँ समझें कैसे क्या यह पूरी की पूरी जो value है यह 1 से छोटी होगी because 1 में से d by re minus कर रहे हो तो आसर है यह पूरी value 1 से छोटी होगी अगर यह पूरी value 1 से छोटी होगी और आप छोटी value को g से multiply करोगे तो यह common sense हो जाता है कि जो g depth पे है वो छोटा हो जाएगा g पे अब यानि कि g depth पे भी कम हो रहा है और g height पे भी कम हो रहा है इसका मतलब जी की जो value है वो earth के surface पे maximum होती है, अब ये पूरी derivation तो exam हमारे time पे क्या होता था, हमारे board के exam के time पे, 2 number की, 3 number की derivation भी आती थी, 5 number की derivation भी आती थी, अब 5 number में ऐसी बड़े बड़े derivation आ जाया करती थी, कि जहाँ पे हमें depth पे और height पे, हर जगा जाके जी की value पांच नमबर का पूरा एक complete question आना बंद हो गया, वो parts में आता है, इसलिए अब chances थोड़े से कम हो जाते हैं, कि आपके exam में यह आएगा, कि आप पूरी derivation करो, कोई एक हिस्सा आ सकता है, कि show करो, कि G की value उपर जाने पे कम होती है, इन जाने पे कम होती है, और अगर आ भी ग हम सब जानते हैं कि planets जो हैं, वो sun के आसपास घूमते हैं, और satellites planets के आसपास घूमते हैं, तो इनके लिए कुछ कानून, कुछ law follow होते हैं, जो कि Kapler जी ने दिये थे, Jonathan Kapler उनका पूरा नाम था, और इन्होंने 16th century में ये कुछ law दिये थे, तो Kapler जी के तीन law थे, ध्यान रखना, three laws, इसमें से हमें, जो third law है उसको derive भी करना है इस one shot के last में इस one shot के एकदम last में capillary के third law को हमें prove भी करना है, derive भी करना है लेकिन ध्यान रहे कि capillary के तीन laws होते हैं और इन तीनो laws के बारे में हमें इस chapter में बात करनी है सबसे पहला law यानि कि first law क्या कहता है first law कहता है capillary का कि अगर अच्छा क्या आपको ये बात पता है कि पहले के जमाने में ये माना जाता था कि जो sun है वो earth के आसपास घूम रहा है सबको पता है सब ये मानते थे कि sun अर्थ के आसपास घूम रहा है बाद में ये साबित हुआ कि ऐसा नहीं है sun अर्थ के आसपास नहीं घूम रहा है earth sun के आसपास घूम रही है और circular path में घूम रही है लेकिन जॉनेसन कैपलर जी ने ये साबित किया कि ऐसा भी नहीं है planets जो है वो sun के आसपास घूम तो रहे हैं लेकिन वो कौन से path में घूम रहे हैं तो आज सरे circular path में नहीं घूम रहे हैं एलेप्टिकल पात में घूम रहे हैं अब अगर आपके पास मैच है तो शायद आपको पता हो कि एलेप्टिकल पात के दो फोकस होते हैं ये F1 फोकस है और ये F2 फोकस है अगर आपने मैच में ये चेप्टर पढ़ा है तो आपको पता होगा कि एलेप्स जैसे सरकल का एक सेंटर होता है एलेप्स के दो फोकस होते हैं अब उसमें से एक फोकस पे सन बैठा होगा ऐसा कैपलर जी के फर्स्ट लॉ का कहना था कि एक पे बैठा होगा सन दूसरे पे कोई नहीं और उसके आसपास जो planets हैं, कोई भी planet है ये, ये planet हैं, ये उसके आसपास ऐसे elliptical path में घूम रहे हैं, यानि ये कहना बिल्कुल सही होगा, कि planet जब elliptical path में घूमते होंगे, तो एक ऐसा समय आता होगा, जब वो planet sun से बहुत पास भी होते होंगे, और एक ऐसा भी समय आता हो� तो the planets move in elliptical orbits around the sun with the sun at one of the two foci हमेशा elliptical path के दो focus होते हैं उन दो focus में से एक focus पे हमेशा आपको ध्यान रखना है कि sun बैठा होगा दूसरे पे कोई भी नहीं बैठा होगा चीके जी ध्यान रहेगा न चलो second law क्या कहता है second law बड़ा interesting law है again second law ने बताया कि again planet तो ठीक है circular path में नहीं गूम रहे हैं elliptical में गूम रहे हैं लेकिन और यहाँ पे हमारे पास सन है, और यहाँ पे हमारे पास प्लानेट है, लेकिन सेकिन लॉग कहता है कि आप सब जानते हैं कि प्लानेट को सन से जोड़ने वाली एक इमेजिनरी लाइन है, यह प्लानेट को सन से जोड़ने वाली एक इमेजिनरी लाइन है, ठीक है, अब मैंने एक महिने बाद मेरा planet यहाँ travel करके आ गया तो जो line planet को sun से जोड रहे है, जो imaginary line है क्या उसने यह वाला area cover किया? the imaginary line joining planet to the sun उसने यह वाला area cover किया in one month in x days, हाँ ना, in x days अब अगर मैं फिर से किसी और time पे उस planet को same time period के लिए observe करूँ same time period के लिए observe करूँ, यानि मान लो एक महिने के लिए, तो एक महिने बाद मैंने क्या देखा, कि जो मेरा planet है, और जो उसके center को sun से जोडने वाई line है, वो again equal area चल रही है, in equal interval of time, यानि कि बड़ी interesting बात यह है, कि अगर मैं the line joining planet to the sun के द्वारा cover किया गया, area calculate करूँ, वो line जो planet को sun से imaginary तरीके से जोड रही है, वो कितना area चलती है in given interval of time अगर मैं calculate करता हूँ तो यह area same time में हमेशा same आएगा अगर मैं यहाँ पे 30 days के लिए चलता हूँ और यह area मालो A आता है तो 30 days में वहाँ पे भी जो यह area आएगा वो same आएगा अगर यहाँ का area A1 है और यहाँ का area A2 ह��� तो A1 और A2 बराबर हुँगे तो imaginary line joining planet to the sun always cover, always sweep equal area इन इक्वल इंटरवल आफ टाइम ठीक है अब ऐसा क्यों होता आपको लग रहा होगा जब प्लानेट दूर है तो उसको ज्यादा एरिया कवर करना चाहिए आंसर जब प्लानेट पास होता है तो वह एक्चुली याद करेंगे सिस्टम ऑफ पार्टिकल एंड बट अभी हमें Kaplers third law की सिर्फ derivation करने वो भी इस one shot के end में Kaplers third law क्या कहता है बड़ा interesting है Kaplers third law कहता है अच्छा उपर statement मत पढ़ना भी, पहले आपस में बात करते हैं इसके बारे में, ठीक है, यह हमारे पास एक, again sun, और यहाँ पे हमारे पास आया भाई planet, ठीक है planet, अब मैं आपसे एक सवाल पूछता हूँ, बड़ा प्यारा सवाल है, कि हमारे पास 8 planets हैं, ठीक है, आप मुझे या 365.4 days मान लो, अब एक लिए 365 days मान लेते हैं, ठीक है, मान लेते हैं कि अर्थ सन के आसपास का चक्कर 365 days में काट रही है, आप मुझे comment section बताओ, आपके असापसे जो Jupiter है, जब वो अर्थ का चक्कर काटेगा, तो वो 365 से कम समय लेगा, या 365 से जादा समय लेगा, जल्दी ब कमेंट सेक्शन पर तो आप ने लिखा हो भाई आप ने लिखा हो कि वह बहुत ज्यादा समय लेगा क्योंकि एक तो प्लानेट दूर है दूसरी बात दूर होगा तो ग्रेविटेशनल फोर्स भी कम होगी ज्यादा डिस्टेंस भी चलना है तो समय भी बढ़ जाएगा बेसिक वो वेरी करेगा न, जब पास आएगा तो अलग होगा, दूर जाएगा तो अलग होगा, लेकिन जो प्लानेट का time period है, जो प्लानेट का time period है, जो घूमने का time period है, अगर उसका square देखा जाए, तो वो directly proportional होगा उसके average distance के cube के, अभी न ऐसा करते हैं, square और cube को छोड़ देते है कि जितना planet का distance sun से बढ़ेगा उतना उसका time period भी बढ़ेगा because both are directly proportional to each other अगर आप इस वाली term को छोड़ दो square और cube को वो हम formula में prove करेंगे but अगर आप ऐसे सोचो कि ये law क्या कहा रहा है ये law कहा रहा है कि time period बढ़ेगा अगर distance बढ़ेगा तो अगर कोई planet sun से दूर जाता चला जाएगा तो उसका time period भी बढ़ता चला जाएगा कैसे बढ़ेगा वो maths है कि square पे cube बढ़ेगा यानि अगर मैं time period अगर मैं distance का मान लो दुगना करता हूँ तो distance का actually आठ गुना करके उसका square बढ़ेगा समझ गए न मतलब तो time period का square is directly proportional distance का cube तो ये distance average distance है ध्यान रखना है बेटा न ये distance average distance है average distance बोले तो क्योंकि यहाँ पे अलग है यहाँ पे अलग है यहाँ पे अलग है यहाँ पे अलग है तो इन सब का जो average आएगा उसका जो cube होगा उसके ये directly proportional होगा बासमान में और इसको हम प्रूव भी करने वाले हैं इस चेप्टर के एंड में एकदम लास्ट में इसको हम प्रूव भी करने वाले हैं समझ गए पक्की बात मन में कोई सवाल ठीक है चालो अब हम इस चेप्टर में आगे बढ़ते हैं एक चीज की तरफ जहां पे आपको सिस्टम आफ वर्क एनरजी भी याद करना होगा और वो है ग्रेवी टेशनल ओहो ये कहां से आगी भाई मदुमक्खी तो यार अभी कमरे के अंदर एक मदुमक्खी आ गई थी त पड़ा लेकिन बात करेंगे ग्रेविटेशनल पोटेंशल एनर्जी की ग्रेविटेशनल पोटेंशल एनर्जी की अब यह ग्रेविटेशनल पोटेंशल एनर्जी क्या होता है बई ग्रेविटेशनल पोटेंशल एनर्जी क्या होता है क्या हम ग्रेविटेशनल पोटेंशल कि gravitational potential energy का formula मेरे पास MGH पहले आ चुका है बट वो formula एक accurate या exact formula नहीं था क्यों नहीं था accurate या exact formula क्योंकि वहाँ पे चोटा G आ रहा था और चोटा G जो होता है वो height के साथ change होता है बट उसमें हमने जो height थी उसके साथ variation को include ही नहीं किया था तो इसलिए वो accurate formula नहीं था लेकिन यहाँ पे हम एक नया formula derive करने जा रहे हैं और ये formula क्यों बहतर होगा, क्यों accurate होगा, क्यों अच्छा होगा आओ जरा समझें तो यहाँ पे हमारे पास earth है भाई, और हम एक object को कहीं से, infinite से, let's say, कहीं पे infinite से, हम मालो इस height पे लेके आए, which is m0 है, और height हमारे पास जमीन से h है, तो total height हो जाएगी, इसकी h plus re या फिर re plus h, हाँ न, दुबारा बोल रहा हूँ, यह infinite से, object कहीं पड़ा वाता, उसको यहाँ से infinite पे लेके आए, h plus re या re plus h पे, कि हम उसको re से, आरी प्लस है जैसे मर्दी आपके मन में समझ लो हमें पोटेंशन अनर्जियों कैलकुलेट करना इस पोटेंशन अनर्जियों कैलकुलेट करने के दो तरीके दो वेज होते हैं एक होता है कि मैं इंटीग्रेशन का फ और एक होता है कि मैं बिना integration के formula लगाए भी इसे calculate कर सकता हूँ अगर मैं force को constant मानूं, तो मुझे नहीं पता आपके school में क्या कराए जाएगा, बट जो सबसे ज़ादा general तरीके से कराए जाता है, मैं उस तरीके से इसको solve करवा जाता हूँ, ठीक है, तो जो की हमारा integration वाला method ह mass of earth, mass of object upon में x का square because यह जो distance है वो बार बार vary कर रहा है अगर आप माल लो इसके center से उपर तक गए हो तो 0 से लेके re plus h तक जाएगा तो वो vary करेगा, हाना डिपेंड करता है और यहाँ पर तो हमारे पास dx है अब cos theta, अगर मैं यहाँ पर force की बात करूँ ये force हम किसके respect से निकाल रहे हैं अर्थ के अभी अर्थ चाह रही है कि object नीचे आए और माल लो आप उसको center से उपर लेके गए हो तो cos 180 हो जाएगा ठीक है तो छोटे से work done का formula हमारे पास minus g m e m not upon में x square dx हो जाएगा अब अगर मुझे total work done न��कालना है तो मुझे integration करना होगा तो integrating both sides अब मैं कर यहाँ पे integrate करता हूँ तो integration में dw के बजाय तो मुझे w मिल जाएगा यहाँ पे मेरे पास minus g m e m 0 constant आजाएगा, और नीचे मेरे पास बच जाएगा 1 upon x square dx, अब 1 upon x square dx का जो integration होता है, यहाँ पे तो हमारे पास क्या ही रहा, minus g m e m 0, अब 1 upon x square का जो integration होता है, x को मैं उपर ले जाओंगा, तो x की power minus 2 हो जाएगा, अब x की power minus 2 हो जाएगा, तो power मे तो यहाँ पे work done आ जाएगा, minus g, m e, m not, और यहाँ पे minus 1 upon x बच जाएगा, minus minus plus हो जाएगा, तो work done g, m e, m not, upon में x आ जाएगा, अब x क्या है, x है कितना distance में चला, अगर मैं center से उपर गया, तो g, m e, m not, upon में क्या हो जाएगा, r e plus h, यह मेरे पास work done हो जाएगा, अब क्योंकि हम लोग work energy में बात कर चुके हैं कि gravitational force एक conservative force है और उसके against किया गया काम potential energy की form में store हो जाता है, तो यहां से हमें potential energy का formula work done का minus मिलेगा, minus क्योंकि अभी हमने work done by gravitational force निकाला था, तो work done by us, gravitational force कैसे निकाला, मैंने angle क्या लिया, 180, force लग रही है नीचे, displacement हो रहा है उपर, तो minus of work done हो जाएगा, अब minus of work done क्या है, minus G M E M 0 upon में, R E plus H है, अगर आप R E पे गए हो, तो सिर्फ R E हो जाएगा, देखो यह आपको पता है कि, height क्या लेनी है, R X क्या लेना है, अगर मैं center से earth के surface तक गया हूँ, तो R E लेना है, H तक गया हूँ, MGH में जो छोटा G है उसको हमने constant मान लिया although वो constant नहीं होता उसकी value change होती रहती है उसकी value vary करती रहती है बट हमने उसको constant मान लिया बट वो constant होता नहीं है बट यहाँ पे हमने ऐसी कोई भी चीज नहीं लिये जो constant ना हो लेकिन constant ले लियाओ तो यह आपको एक accurate result देगा और करीबी result देगा as compared to MGH तो यह वाला formula बहतर है चालो अब हमारे पास इस chapter में तो अब हमें इस चेप्टर में एक बहुत important चीज़ पढ़नी है जिसको हम लोग कहते हैं Escape Velocity कि Escape Velocity क्या है और Escape Velocity के बाद हम लोगों को पढ़ना है कि Satellite Satellites तो आपको सबको पता है क्या होती है कि जो Planets के आसपास गुमती हैं हमें Satellite की Velocity और Time Period निकालना है और वहीं से Kepler's जी का Law आएगा इसके बाद एक Topic है Geostationary Satellites Geostationary Satellites हमारे Syllabus से पता नहीं क्यों इस साल हटा दी गई है क्योंकि 5 मिनट का काम है कि geostating satellites क्या होती है तो और इसके बाद हमारा जो chapter है वो खतम हो जाएगा ठीक है तो सबसे पहले यहाँ पे आओ बात करते हैं कि escape velocity क्या चीज है बड़ा interesting topic exam के लिए काफी important है इसकी derivation escape velocity क्या होता है भई escape velocity बहुत interesting topic है minimum velocity by which an object is thrown Vertically upward, minimum velocity by which object is thrown vertically upward to escape from gravitational force of earth. अगर मैं gravitational force of earth से escape होके बाहर जाना चाहता हूँ, अगर मैं चाहता हूँ कि मैं किसी object को कितनी ताकत से फैकूं, कि वो earth के gravitational force को ये escape कर दे, भाग चाहे, उसके उपर earth की gravitational force नहीं लगे, तो उसे कितनी velocity से फैका जाए, इसको बोलते है escape velocity, but क्या आपको पता है कि at surface of earth, जिसको अभी हम prove भी करने वाले हैं, at surface of earth, SK Velocity को VE से represent करते हैं जो VE की value है वो 11.2 km per second है km per second का मतलब आपको पता होना चाहिए 11,200 m per second है अब आज तक हम इतनी velocity manually या किसी भी तरीके से अभी तक achieve तो नहीं कर पाएं बड़ अगर हमने किसी भी चीज़ को 11.2 km per second की velocity से फैका बहुत बड़ा number है तो हमें किसी और फ्यूल की देखो रॉकेट अलग चीज है रॉकेट जब लॉंच होते हैं तो कॉंस्टेंटली उन पे फ्यूल की ताकत लगती रहती है फ्यूल उन पे लगता रहता है फ्यूल उनको धखका मारता रहता है और उपर लग जाता है मैंने बोला है कि हमें किसी हाना ये नंबर कहां से आया चीक है आओ इसकी डेरिवेशन करते हैं पहले तो सबसे पहले मुझे इतना बताओ कैसा कहना ठीक है कि किसी भी ऑब्जेक्ट की जो काइनेटिक एनरजी अर्थ पे होगी जिससे सॉरी कितनी जब मैं किसी भी चीज को फैक दूंगा भार तो फैकने पे जब वो स्पेस के भार चला जाएगा या स्पेस के भार तो गलत शब्द है अर्थ की ग्रेविटेशनल फोर्स के पोटेंशियल ने लग रही होगी बिकॉस पोटेंशियल ने लगती है जब अर्थ आप पे एक फोर्स लगाती है तो क्या ऐसा कहना ठीक है कि जिस काइनेटिक एनर्जी से मैंने उसको फैका है इनिशियली प्लस उसके पास जो पोटेंशियल ने लगी होगी इनिशियल वो बराबर होनी चाहिए काइनेटिक एनर्जी फाइनल अब kinetic energy initial होगी हमारे पास half m v e का square, potential energy का formula minus g m e m not, अगर मैं earth के surface से फैक रहा हूँ तो r e आ जाएगा, कुछ उपर से फैक रहा हूँ तो r e plus h आ जाएगा, क्या potential energy उपर जागे 0 होनी चाहिए तो answer है abig yes, क्योंकि surface पे potential energy, मुझे एक ऐसी जगा पे जाना है जहाँ पे earth का gravitational influence क्या मैं चाहता हूँ कि kinetic energy भी zero हो जाए क्यों क्यों क्यों कि मैं minimum value निकालना चाहता हूँ मतलब मुझे इससे मतलब नहीं है कि वो उपर जाके भाग रहा है कि नहीं अगर वो earth की gravitational force को escape भी कर देता है और रुक भी जाता है उसके बाद तो भी चलेगा बट मुझे अभी minimum value निकालने तो दोनों zero हो जाएंगे अब अगर ऐसा है तो half m escape velocity का square is equal to g mass of earth mass of object upon में re आ जाएगा अब mass of object से mass of object cancel हो जाएगा escape velocity का square 2 g m e upon में re आ जाएगा तो escape velocity आ जाएगा under root 2 g m e upon में re अब क्योंकि ये formula देखने में उतना अच्छा नहीं लग रहा तो इसको अच्छा कैसे बनाएं इसको re से multiply कर रहे हैं और re से divide कर रहे हैं अब ये हमारे पास छोटा जी हो जाएगा, तो escape velocity की value थोड़ी अच्छी दिखने लग जाएगी, यानि 2GRE, 2GRE, समझ गया न, तो ये हमारे पास escape velocity का formula आ गया, from the surface of earth, यानि अगर मुझे earth के surface से किसी भी चीज को escape करवाना है, धक्का मार के बाहर भेज देना है, तो उसे कम स तो यहाँ पे हमारे पास 2 की जगा 2 आ गया, G की जगा 9.8 आ गया, radius of earth की जगा 6.4, इंटू में 10 की पार 6 आ गया, अब अगर आप इन सब के लिए डाल दोगे, तो 11.2 km per second आ जाएगा, तो कुल मिला के, यह हमारे पास escape velocity का value और formula वा जाएगा, तो कहने का मतलब यह है कि इतनी velocity से, without any, कि कॉन्टेंट फ्यूल बस फैक दिया फैक दिया कुछ और फ्यूल नहीं दिया रॉक मैं फिर बोल रहा हूं रॉकेट बहुत अलग साइंस पर उड़ते हैं उनको तो कॉन्टेंटली फोर्स मिलती है तो इतने वेलोस्टी दिने के बाद चीजें धर्ती के और हमने तो यहां पर जी की वेल्यू को भी 9.8 मान लिया जैसे-जैसे ऊपर जाओगे जी की वेल्यू भी कम होगी तो ठीक बट अभी अगर हम बहुत basic level पर बात करें तो under 2GRE ये value होने चाहिए, done है, चालो, अब बात करते हैं यहाँ पर velocity and time period of satellite, क्या satellite के बारे में आप सब जानते हैं, ऐसी कोई भी चीज जो किसके आसपास घूमती है, planets के आसपास घूमती है न, constant time period वेगरा पर उन्हें satellite कहते हैं, जैसे मून एक natural satellite है, artificial satellite तो हम आये दिन भेजते रहते हैं, आपको पता है, और ये जो formula हम derive कर रहे हैं, ये सिरफ satellites के लिए नहीं है, this formula is also valid for planets, हाँ न, ये formula हम planets के लिए भी लगा सकते हैं, ये सब आपको पता होना चाहिए, यानि कि for planets also, ये formula हम जो prove करने जा रहे हैं, ये planets के एंसी आटी में हेडिंग बनी विशेष ऐसे करके तो इसलिए लिखना पर टीप लानेट्स के लिए भी वैलिड है यह बात ध्यान रखना ठीक है सबसे पहले वेलोसिटी निकालते हैं कि एक सेटेलाइट अगर संग्राम अगर मूल अगर एक सेटेलाइट अगर अर्थ के आसपास घूम रही है तो उसकी क्या वेलोसिटी होनी चाहिए बहुत प्यारी सी डेरिवेशन है आप जरा समझें अब अर्थ के आसपास कोई भी एक छोटी जी सेटेलाइट जिसको मैं MS कह रहा हूँ वो घूम रही है अच्छा हम कैपलर्स का थर्ड लॉबी प्रूफ करने जा रहे हैं अल्सो एक एक तीर से बहुत सारे निशाने मार रहे हैं अल्सो थर्ड लॉबी प्रूफ करेंगे हम लोग तो एक सेटेलाइट है जो किसके आसपास घूम रही है बई आज़र है अर्थ के आसपास घूम रही है कितने distance पे है बई, total distance जो है वो कितना है, R E तो है प्लस में H, अब तक तो आपको आदत होई गई होगी, ठीक है, अब क्या इसे घुमने के लिए एक centripetal force चाहिए होगी, हमने पढ़ा है laws of motion में भी, motion in a plane में भी, कि जब भी कोई चीज circular path में घुमती है, उसको घुमने के ल तो answer है gravitational force से मिलेगी, centripetal force का formula होता है mv square by r, gravitational force का formula होता है gm1 m2 by r का square, यहाँ पे values put कर देंगे, पहली बात तो mass of satellite है, velocity of satellite का square है, r हमारे पास r e plus h है, is equal to g है, mass of earth है, mass of satellite है, r e plus h का whole square है, तो mass of satellite से mass of satellite cancel हो जाएगा, r e plus h से 1 r e plus h cancel हो जाएगा, तो velocity of satellite का square हमारे पास आ जाएगा, mass of earth upon में r e plus h ही आ जाएगा, अब अगर मुझे यहां से velocity of satellite निकालनी है, तो उदर जाके मैं इसको under root कर दूँगा, तो under root g m E upon में R E plus H तो यह हमारे पास velocity of satellite का formula आ जाएगा तो यह हमारे पास velocity of satellite का formula आ जाएगा वो जो आया था यह escape velocity था भाई कितनी velocity से किसी object को फैके कि वो धरती के gravitational force को escape कर दे यह बहुत अलग था लेकिन यह जो formula हमारे पास आया है यह formula क्या है भाई अर्थ की या अर्थ के आसपास घुमने ले सेटलाइट या planets जो sun के आसपास गुम रहे हैं उनकी velocity या किसी भी चीज की velocity जो किसी planet या sun के आसपास गुम रही हो उसको हम नहीं आपके calculate कर लें which is under root GME upon में RE plus H अब यहाँ पर अगर मैं time period निकालता हूँ time period का मतलब एक satellite या planet को पूरा एक चक्कर काटे में कितना समय लगता है इसको हम time period अब time period के लिए formula क्या लगाते हैं distance एक round में कितना होता है upon में speed सही है, अब एक round में जो distance होता है, वो तो हमेशा 2πi r होता है, और speed हमारे पास v होती है, 2πi, अब r जो है satellites के लिए, वो re plus h है, upon में, आज ही हमने proof किया, कि जो velocity है, वो under root g, mass of earth upon में re plus h है, अब इसको ऐसे तो solve करना थोड़ा मुश्किल सा लग रहा है, तो हम squaring both side कर देंगे, हना बई, स्क्वेरिंग बोथ साइड कर देंगे, मैं फिर बोल रहा हूँ, हम time period का formula भी derive करने जा रहे हैं, और cap plus third law भी derive करने जा रहे हैं, स्क्वेरिंग बोथ साइड कर देंगे, अगर मैं दोनों साइड पर square कर देता हूँ, तो यहाँ पर मेरे पास time period का square is equal to 2 का square 4 हो जाएगा, pi का square pi square हो जाएगा, re plus h का whole square हो जाएगा, नीचे GME upon में RE plus H हो जाएगा, अब ये RE plus H उपर जाके cube हो जाएगा, because square है ही, एक और जाके cube हो जाएगा, तो 4 pi square upon में हमारे पास GME आ गया, क्या ये पूरा का पूरा एक constant है, तो answer है हाँ, और साथ में हमारे पास RE plus H यानि कि distance का cube आ गया, पहली बात तो ये time period का formula आ गया है आपको अंदाजा भी नहीं है कि ये फॉर्मुला कितना जादा important है मैं आपको एक short form में एक बात बताता हूँ अगर इस chapter के अंदर मान लो example और exercise मिला के मान लेते हैं 40 question तो 20 question मतलब example के रूप में ले रहा हूँ 40 question तो 20 question इस फॉर्मुले के उपर है अब आप जिये बात मान लो या जब आप NCRD करोगे तब मान जाओगे यानि 40-50 प्रतीशत वो सिर्फ इस formula के उपर बन जाएंगे, इतना important formula है, ध्यान रखना, लेकिन ये time period का formula तो आ गया, साथ ही साथ, क्या ऐसा कहना ठीक है, कि ये पूरी की पूरी term constant है, तो time period का square is constant times, आर ए जो की distance है, उसका हमारे पास cube है, तो क्या time period का square directly proportional to, cube आ गया off distance, और यहाँ पे हमारे पास capillars third law भी proof हो जाता है, कि time period का square is directly proportional to, cube of distance time period का square is directly proportional to cube of distance तो यहाँ पे Kaplers जी का third law भी automatically prove हो जाता है समझ गए? अब सवाल उठता है कुछ चीजों का जैसे की सबसे पहली चीज क्या हमारे पास velocity का formula आया under root G, M, E, upon में R, E, plus H और क्या हमारे पास time period का formula आगे? अब ध्यान सुनना यहां मैं kinetic energy, potential energy and total energy of satellite या planets में relation निकालने जा रहा हूँ यह एक ऐसी चीज़ है बच्चों जो बहुत सारे बच्चे ध्यान ही नहीं देते हैं इस बात पे और मेरे यकीन माने अगर आपने इसको ढंग से पड़ा तो NEET में, JEE में और हमारे बोर्ड में तो खासकर बहुत मुश्किल सवालों को आप बहुत इजीली सॉल्व कर पाएंगे, एक छोटी सी ट्रिक केलो पता रहा हूँ, और वैसे तो यह ट्रिक नहीं है, ट्रिक तो वो होती है जो कहीं लिखी ना हो लेकर हम पता रहे हो, यह NCIT में लिखी हुई potential energy का formula आ चुका है, minus g, m e, m not, अगर object है, या satellite है, तो m s हो जाएगा, upon में, r e, यह हमारे पास potential, अगर हम surface में है, तो potential energy का formula है, अच्छा, also, अगर मुझे kinetic energy निकालनी हो, तो formula क्या होगा, half m v square, हाना, यह तो formula हम जानते हैं, अब half, mass of object, या satellite, अब velocity का square, क्या velocity का square की value या velocity हमारे पास अगर यह आया है तो velocity का square हमारे पास पहले से आ चुका है क्या G ME अपन में अगर मैं earth के surface पे हूँ तो RE और surface के उपर हूँ तो RE प्लस H आ जाएगा ठीक है अब यहाँ पे अगर आप इसको multiply कर दो तो क्या kinetic energy में पास आ गया G ME M0 अपन में RE का हफ क्या आप अगर ध्यान दें इस formula में तो क्या ऐसा कहना ठीक होगा कि जो kinetic energy है वो half of minus of potential energy है क्योंकि G, M, E, M0, upon में R ही तो potential energy है बस minus की कमी है तो क्या मैं इस पूरे को minus of potential energy बोल सकता हूँ तो answer है yes यानि कि जो potential energy होता है वो basically minus twice of kinetic energy भी होता है minus of half of kinetic energy भी होता है इसका मतलब अगर आपने एक सेटेलाइट की potential energy को calculate कर लिया, तो kinetic energy को अलग से calculate करने की जरूरत नहीं है, अगर आपने kinetic energy को calculate कर लिया, तो potential energy को अलग से calculate करने की जरूरत नहीं है, क्योंकि potential energy जो है, वो minus of, double of kinetic energy है, समझ गए?

अब अगर मैं यहाँ पे total energy की बात करूँ, because exam में आपको total energy भी निकालने को बोला जाएगा, क्या total energy, potential energy, plus kinetic energy होता है? तो answer है yes तो total energy अगर potential energy, plus kinetic energy होता है तो क्या मैं potential energy की जगा minus twice of kinetic energy, plus kinetic energy अगर लिख दूँ तो total energy मेरे पास minus of kinetic energy आ जाएगा जिसका मतलब यह है कि अगर मेरे पास kinetic energy, potential energy या total energy में से कोई भी एक energy आ जाती है तो बाकी energies मेरे लिए निकालना बहुत जादा easy हो जाता है क्यों easy हो जाता है क्योंकि सबका मैंने आपको एक relation दे दिया है सबका मैंने आपको एक छोटा सा formula derive करके दे दिया है एक energy आगे बाकी सारी energy आपके पास automatically आ जाएंगी तो अगर मैं अपने boards के syllabus के असाब से बात करूँ तो syllabus खतम होता है वो है geostationary satellite चीके ये समझ गए सारा चाहो तो रिवाइज कर लोगी, बहुत सारे फॉर्मले एक तरफ एकदम से आए हैं, तो आप इन्हें रिवाइज भी कर सकते हैं, बट अगर हम बात करें, जियो स्टेशनरी सेटेलाइट्स की तो ये क्या होती हैं, चाहे मैं इनको ओरली समझा दूं आपको, चाहे मैं आपक अब geostationary satellites वो satellites होती हैं जो earth के साथ साथ same time period पे घूमती हैं यानि ऐसी satellite जो earth के उपर होंगी और जैसे ऐसे earth, मालो मैं earth हूँ और ये माल लेते हैं हमारे geostationary satellite है तो जैसे ऐसे मैं घूमूंगा ये satellites भी earth के साथ साथ घूमेंगी तो ऐसा लगेगा देखने वाले को कि ये satellite rest पे हैं हाँ ना तो कि वो साथ साथ घूम रही हैं तो ऐसी सेटलाइट जिनका time period 24 hours ही होता है और वो अर्थ के साथ साथ चकर कारती है उन्हें geostationary satellite कहा जाता है ये हमेशा equator के ऊपर ही उड़ सकती है because gravitational force से उड़ेंगे और अगर इनको अर्थ के साथ साथ घुमना है तो एक ही जगा चाहिए वो है equator के ऊपर और इनका time period 24 hours होना चाहिए तो परिभाशा अगर आप लिखना चाहो तो लिख लो satellites which revolve around earth with the same time period and appears to be at rest नोन एज जियोस्टेजी सेटलाइट एवरे सेटलाइट विच वांट्स टू बी जियोस्टेशनरी शुड रिवॉल्व शुड रिवॉल्व अब अब एक्वेटर एंड टाइम पीरियड मस्ट बी इक्वेस्ट टू एंड टाइम पीरियड मस्ट बी इक्वेस्ट टू टाइम पीरियड कितना चाहिए भाई 24 आर्ट्स क्योंकि उसी का टाइम पीरियड अर्� अब इस चेप्टर में जब हम NCRT खोलते हैं, numericals करने कोईश करते हैं, तो ध्यान रखना, मैं again जैसे हर एक चेप्टर के subjective questions के lecture लेकर आ रहा हूँ, उसके भी लेकर आऊँगा, बट जब आप खुद से practice कर रहे होंगे, तो मैं आपको पहले पता दू, इस चेप्टर के numerical बह� 10 की powers में बहुत अजीब अजीब हैं, जिसकी वैसे calculation बहुत difficult हो जाती है, but overall chapter is very very easy, इस chapter में सबसे important चीज के अगर बात करूँ, तो G की value उपर नीचे जाने पे constant, और capillaries third law, और escape velocity, ये सबसे important topic है, जहां से exam में कुछ सवाल बनता है, तो session को like जरूर कीजेगा, अगर ये one shot अ कि हां आगे जाकर हम लोग जो भी लेक्टर लेकर आए सबमें एक्सपेरिमेंट होंगे इसमें नहीं है आप समझ सकते हैं क्यों नहीं है क्योंकि सब कुछ चीजें ऐसी हैं जो इस धरती के बाद में अब अब मेरे बात को समझ ना ना हर चीज मैं एक्सपेरिमेंट उसमझा जाता है कि ऐसा नहीं है या अगर है भी तो उनको ऐसे छोटे स्केल पर नहीं किया सकता है उसके लिए बहुत फंड चाहिए पैसा चाहिए तो इस चेप्टर के लिए वह नहीं हमारे पास लेकिन हां अगला अगला मतलब फंड की बात नहीं कर रहा मतलब जगह और टाइम वह सब लेकिन अगला चेप्टर हमारा बहुत ज़्यादा इंटरेस्टिंग मेकानिकल प्रॉ